लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी भजन लिरिक्स | Lok Laaj Sab Khoi Fakiri Bhajan Lyrics

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लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी भजन लिरिक्स

लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी भजन लिरिक्स, Lok Laaj Sab Khoi Fakiri Bhajan Lyrics jog fakiri bhajan lyrics

।। दोहा ।।
प्रीतम प्रीत लगाय के, तुम दूर देश मत जाय।
बसों हमारी नगरी में, हम मांगे तुम खोय।


~ लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ~

लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,
निर्भय पड़ा निर्मोह।


अम्बर ओढ़ण भूमि पतरणा ,
बिच मसाणा सोय।
भुत प्रेत री शंका नहीं ज्या रे ,
जीवत मुरदा होय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,
निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …


दिखत मुरदा है वो चेतन ,
जाण सके नी कोय।
वा री गति तो वो ही जाणे ,
नहीं हँसे नहीं रोय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,
निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …


सम दृष्टि से दीदार देखिया ,
अगम अगोचर जोय।
शंका द्वेष व्यापे नहीं जाके ,
निराधार निर्मोय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,
निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …


आवत जावत साँस झिकोला ,
हरदम हिरदा धोय।
कुड कपट रा दागा नहीं लागे ,
मन ज्या रा उज्जवल होय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,
निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …


गोपेश्वर अंजनेश्वर दर्शाया ,
सूरत सोहंग में पोय।
पार ब्रह्मा सतगुरु दर्शाया ,
जनम मरण नहीं होय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,
निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …


जरूर देखे :- संत पधारे पांवणा म्हारी हेली

जरूर देखे :- सुकरत फूल गुलाब रो मारी हेली

jog fakiri bhajan lyrics in hindi

~ Lok Laaj Sab Khoi Fakiri ~

lok laj dinhi khoy fakiri,
nirbhay pada nirmoh.


ambar odhan bhumi patrana,
bich masana soy.
bhut pret ri shanka nhi jya re,
jivat murda hoy.
fakiri nibhay pada nirmoh.
lok laj dinhi khoy fakiri,
nirbhay pada nirmoh.


dikhat murda hai vo chetan,
jan sake ni koy.
va ri gati to vo hi jane,
nhi hanse nhi roy.
fakiri nibhay pada nirmoh.
lok laj dinhi khoy fakiri,
nirbhay pada nirmoh.


sam drishti se didar dekhiya,
agam agochar joy.
sanka dwesh vyape nhi jake,
niradhar nirmoy.
fakiri nibhay pada nirmoh.
lok laj dinhi khoy fakiri,
nirbhay pada nirmoh.


aavat javat sans jhikola,
hardam hirda dhoy.
kud kapat ra daga nhi lage,
man jya ra ujjaval hoy.
fakiri nibhay pada nirmoh.
lok laj dinhi khoy fakiri,
nirbhay pada nirmoh.


gopeshwar anjaneshwar darshaya,
surat sohang me poy.
par brahma satguru darshaya,
janam maran nhi hoy.
fakiri nibhay pada nirmoh.
lok laj dinhi khoy fakiri,
nirbhay pada nirmoh.


जरूर देखे :- कटे सूती ने कटे आण खड़ी

जरूर देखे :- हेली म्हारी चालो गुरांसा रे देश

फकीरी भजन लिरिक्स

~ लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ~

लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।

अम्बर ओढ़ण भूमि पतरणा ,बिच मसाणा सोय।
भुत प्रेत री शंका नहीं ज्या रे ,जीवत मुरदा होय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …

दिखत मुरदा है वो चेतन ,जाण सके नी कोय।
वा री गति तो वो ही जाणे ,नहीं हँसे नहीं रोय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …

सम दृष्टि से दीदार देखिया ,अगम अगोचर जोय।
शंका द्वेष व्यापे नहीं जाके ,निराधार निर्मोय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …

आवत जावत साँस झिकोला ,हरदम हिरदा धोय।
कुड कपट रा दागा नहीं लागे ,मन ज्या रा उज्जवल होय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …

गोपेश्वर अंजनेश्वर दर्शाया ,सूरत सोहंग में पोय।
पार ब्रह्मा सतगुरु दर्शाया ,जनम मरण नहीं होय।
फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह।
लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी ,निर्भय पड़ा निर्मोह। टेर। …

नवरत्न बेरवाल के भजन

भजन :- लोक लाज दीन्ही खोय फकीरी
गायक :- नवरत्न जी बेरवाल
लेबल :- राजस्थानी भजन

जरूर देखे :- हेली धन रे घडी रो मोटो भाग

जरूर देखे :- अब तो सारा दु:ख भूलगी

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