रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना भजन लिरिक्स | raval jogi mastana Bhajan Lyrics

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रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना भजन लिरिक्स

रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना भजन लिरिक्स, raval jogi mastana raval jogi chetawani bhajan lyrics

।। दोहा ।।
आग लगी आसमान में , झुर झुर पड़े अंगार।
संत नी वेता इन जगत में, तो जळ जातो संसार।


~ रावळ जोगी मस्ताना ~

धरा गगन में गिणती बता दो ,
चारो खुट निशाना।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …


तीन लोक चवदे भवन बता दो ,
देवता मूलक मकाना।
कोनसा राजा जनता में बैठा ,
कोनसा मंत्री थरपना ।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …


जती सती कितना शहर में ,
कितना मस्जिद मंदिरााणा।
हिन्दू मुलो की गिणती बता दो ,
कितना वेद पुराणा।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …


शहर बाजार कितना लम्बाई ,
कितनी बिच दुकाना।
सोना चांदी री सर्राफ बता दो ,
कितना माया रा खजाना।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …


भेद हो तो भेद बता दो ,
घट अनुभव परवाना।
शीतलनाथ सलोनी जोगी ,
सब घर अलख जगाणा।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …


जरूर देखे :- साधु भाई ! परखो सबद टकसारा

जरूर देखे :- रे संतो ! अमी रस क्यों नहीं चखता

raval jogi chetawani bhajan lyrics

~ raval jogi mastana ~

dhara gagan me ginti bata do,
charo khut nishana.
re santo ! Raval jogi mastana.


teen lok chavde bhavan bata do,
devta mulak makana.
konsa raja janta me baitha ,
konsa mantri tharpana.
re santo ! Raval jogi mastana.


jati sati kinta shahar me,
kitna masjid mandirana.
hindu mulo ki ginti bata do,
kinda ved purana.
re santo ! Raval jogi mastana.


shahar bajar kitna lambai,
kinti bich dukana.
sona chandi ri sarraf bata do,
kitna maya ra khajana.
re santo ! Raval jogi mastana.


मारवाड़ी चेतावनी भजन लिरिक्स

~ रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना ~

धरा गगन में गिणती बता दो ,चारो खुट निशाना।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …

तीन लोक चवदे भवन बता दो ,देवता मूलक मकाना।
कोनसा राजा जनता में बैठा ,कोनसा मंत्री थरपना ।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …

जती सती कितना शहर में ,कितना मस्जिद मंदिरााणा।
हिन्दू मुलो की गिणती बता दो ,कितना वेद पुराणा।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …

शहर बाजार कितना लम्बाई ,कितनी बिच दुकाना।
सोना चांदी री सर्राफ बता दो ,कितना माया रा खजाना।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …

भेद हो तो भेद बता दो ,घट अनुभव परवाना।
शीतलनाथ सलोनी जोगी ,सब घर अलख जगाणा।
रे संतो ! रावळ जोगी मस्ताना। टेर। …

भजन :- संतो रावळ जोगी मस्ताना
लेबल :- राजस्थानी भजन

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