कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं भजन | kabhi pyase ko pani pilaya nahi bhajan Lyrics

846

कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं भजन लिरिक्स

कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं भजन kabhi pyase ko pani pilaya nahi, mastar rana bhajan, hindi bhajan

~ प्यासे को पानी पिलाया नहीं ~ 

कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२ 
कभी गिरते हुए को उठाया नहीं,
बाद आंसू बहाने से क्या फायदा।


में तो मंदिर गया पूजा आरती की ,
पूजा करते ही मन में खयाल आ गया। 
कभी माँ बाप की सेवा की ही नहीं ,
बाद पूजा करवाने से क्या फायदा। 
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२


में तो सत्संग गया गुरुवाणी सुनी ,
गुरुवाणी को सुन कर खयाल आ गया।
जन्म मानव का लेके दया ना करी ,
फिर मानव कहलाने से क्या फायदा। 
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२


मेने दान किया मैंने जपतप किया ,
दान करते ही मन में खयाल आ गया। 
कभी भूखे को भोजन खिलाया नहीं ,
दान लाखो का करने से क्या फायदा। 
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२


गंगा नहाने हरिद्वार कासी गया ,
गंगा नहाते ही  खयाल आ गया। 
तन को धोया मगर मन को धोया नहीं ,
फिर गंगा नहाने से क्या फायदा। 
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२


मैंने वेद पढ़े मैंने शास्त्र पढ़े ,
शास्त्र पढ़ते ही मन में खयाल आ गया। 
मैंने ज्ञान किसी को बाटा नहीं ,
फिर ज्ञानी कहलाने से क्या फायदा। 
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२


माता पिता के चरणों में चारो धाम है,
आजा आजा यही मुक्ति का धाम है। 
माता पिता की सेवा की ही नहीं ,
फिर तीरथ पे जाने से क्या फायदा। 
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२


kabhi pyase ko pani pilaya nahi lyrics in English

!! kabhi pyase ko pani pilaya nahi !!

kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2
kabhee girate hue ko uthaaya nahin,
baad aansoo bahaane se kya phaayada.


mein to mandir gaya pooja aaratee kee ,
pooja karate hee man mein khayaal aa gaya.
kabhee maan baap kee seva kee hee nahin ,
baad pooja karavaane se kya phaayada.
kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2


mein to satsang gaya guruvaanee sunee ,
guruvaanee ko sun kar khayaal aa gaya.
janm maanav ka leke daya na karee ,
phir maanav kahalaane se kya phaayada.
kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2


mene daan kiya mainne japatap kiya ,
daan karate hee man mein khayaal aa gaya.
kabhee bhookhe ko bhojan khilaaya nahin ,
daan laakho ka karane se kya phaayada.
kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2


ganga nahaane haridvaar kaasee gaya ,
ganga nahaate hee khayaal aa gaya.
tan ko dhoya magar man ko dhoya nahin ,
phir ganga nahaane se kya phaayada.
kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2


mainne ved padhe mainne shaastr padhe ,
shaastr padhate hee man mein khayaal aa gaya.
mainne gyaan kisee ko baata nahin ,
phir gyaanee kahalaane se kya phaayada.
kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2


maata pita ke charanon mein chaaro dhaam hai,
aaja aaja yahee mukti ka dhaam hai.
maata pita kee seva kee hee nahin ,
phir teerath pe jaane se kya phaayada.
kabhee pyaase ko paanee pilaaya nahin ,
baad amrt pilaane se kya phaayada.2


 kabhi pyase ko pani pilaya nahi lyrics in hindi , kabhi pyase ko pani pilaya nahi lyrics in English

!! कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं !!

कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२
कभी गिरते हुए को उठाया नहीं,
बाद आंसू बहाने से क्या फायदा।

में तो मंदिर गया पूजा आरती की ,
पूजा करते ही मन में खयाल आ गया।
कभी माँ बाप की सेवा की ही नहीं ,
बाद पूजा करवाने से क्या फायदा।
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२

में तो सत्संग गया गुरुवाणी सुनी ,
गुरुवाणी को सुन कर खयाल आ गया।
जन्म मानव का लेके दया ना करी ,
फिर मानव कहलाने से क्या फायदा।
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२

मेने दान किया मैंने जपतप किया ,
दान करते ही मन में खयाल आ गया।
कभी भूखे को भोजन खिलाया नहीं ,
दान लाखो का करने से क्या फायदा।
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२

गंगा नहाने हरिद्वार कासी गया ,
गंगा नहाते ही  खयाल आ गया।
तन को धोया मगर मन को धोया नहीं ,
फिर गंगा नहाने से क्या फायदा।
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२

मैंने वेद पढ़े मैंने शास्त्र पढ़े ,
शास्त्र पढ़ते ही मन में खयाल आ गया।
मैंने ज्ञान किसी को बाटा नहीं ,
फिर ज्ञानी कहलाने से क्या फायदा।
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२

माता पिता के चरणों में चारो धाम है,
आजा आजा यही मुक्ति का धाम है।
माता पिता की सेवा की ही नहीं ,
फिर तीरथ पे जाने से क्या फायदा।
कभी प्यासे को पानी पिलाया नहीं ,
बाद अमृत पिलाने से क्या फायदा।२

भजन :- प्यासे को पानी पिलाया नहीं
गायक :- मास्टर राणा
लेबल :- राजस्थानी भजन
पिछला लेखराधा ढूंढ रही किसी ने मेरा श्याम देखा लिरिक्स | radha dhundh rahi kisi ne mera shyam dekha lyrics
अगला लेखकभी राम बनके कभी श्याम बनके भजन | kabhi ram banke kabhi shyam banke lyrics

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

eight + 10 =